पटना, : वीर योद्धा महाराजा सुहेलदेव पासी जी के ’’विजय दिवस’’ के अवसर पर बुधवार को विद्यापति भवन, पटना में आयोजित भव्य समारोह को संबोधित करते हुए बिहार सरकार के पूर्व स्वास्थ्य मंत्री एवं भाजपा के वरिष्ठ नेता श्री मंगल पांडेय ने कहा कि महाराजा सुहेलदेव केवल एक वीर शासक नहीं, बल्कि सामाजिक समरसता, राष्ट्रभक्ति और मातृभूमि की रक्षा के अद्वितीय प्रतीक थे। लगभग 900 वर्ष पूर्व महाराजा सुहेलदेव ने विदेशी आक्रमणकारियों का डटकर मुकाबला करते हुए देश की अस्मिता की रक्षा की और समाज को एकजुट रखने का संदेश दिया। आज उनके विजय दिवस पर हमें संकल्प लेना चाहिए कि हमें राष्ट्रहित को सर्वाेपरि रखते हुए सामाजिक समरसता, एकता और आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में सक्रिय योगदान देना चाहिए। आज भारत आर्थिक, सामरिक और वैश्विक स्तर पर लगातार मजबूत हो रहा है, इसलिए देश को कमजोर करने के विभिन्न प्रयास भी हो रहे हैं। ऐसी परिस्थितियों में महाराजा सुहेलदेव का जीवन हमें राष्ट्र के प्रति समर्पण और त्याग की प्रेरणा देता है।
श्री पांडेय ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में ’’सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास’’ का मंत्र उसी सामाजिक समरसता की आधुनिक अभिव्यक्ति है, जिसकी स्थापना महाराजा सुहेलदेव ने अपने जीवन से की थी। समाज तभी मजबूत होगा जब सभी वर्गों को समान अवसर और सम्मान मिलेगा। सरकार समाज के प्रत्येक वर्ग के आर्थिक एवं सामाजिक विकास के लिए निरंतर कार्य कर रही है तथा पासी समाज सहित सभी वंचित समुदायों की समस्याओं के समाधान के लिए संवेदनशीलता के साथ प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे अपने गौरवशाली इतिहास को जानें, महापुरुषों के आदर्शों को अपनाएं और राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाएं।श्री पांडेय ने कहा कि जो समाज अपने इतिहास और महापुरुषों को भूल जाता है, उसका भविष्य भी कमजोर हो जाता है। इस अवसर पर विधायक मनीष कुमार एवं अखिल भारतीय पासी महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष संजय महतो ने भी अपना संबोधन किया। कार्यक्रम के दौरान प्रदेश अध्यक्ष ललन पासवान, प्रो. सुरेंद्र कुमार चौधरी, रामदेव महतो, विकास चौधरी, मनोज चौधरी, नरेश चौधरी, संजू चंद्रा, राजाराम चौधरी, दिनेश महतो, शंभू चौधरी, डॉ. संजय महतो, विश्वनाथ चौधरी सहित अखिल भारतीय पासी महासभा के राष्ट्रीय एवं प्रदेश पदाधिकारी व विभिन्न जिलों से आए समाज के प्रतिनिधि बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।